छत्तीसगढ़ रायपुर कोरिया मनेंद्रगढ़ चिरमिरी भरतपुर जीपीएम बिलासपुर सूरजपुर राजनितिक खेल देश वारदात अन्य

District Hospital बैकुंठपुर में कॉकरोच ने खोला मोर्चा कहां आचार संहिता बाद जाएंगे Hospital से बाहर

On: May 31, 2024 4:18 AM
Follow Us:

◆ इस खबर को आगे शेयर करें ◆

[highlight color=”yellow”][/highlight]
प्रदेश के स्वास्थ्य मंत्री श्यामबिहारी जायसवाल के विधानसभा क्षेत्र में स्वास्थ्य विभाग की लापरवाही सामने आ रही है. कोरिया जिले के बैकुंठपुर जिला अस्पताल में कॉकरोचों के आतंक से मरीज परेशान हैं. गंदगी से पनपे ये कॉकरोच मरीज के बिस्तर, टेबल और मरीजों के शरीर मे चढ़ कर घूम रहे है. जिला अस्पताल में इस तरह की लापरवाही स्वास्थ्य अमले पर बड़ा सवाल खड़ा कर रही है. वहीं सीएमएचओ ने आचार संहिता का हवाला देकर मामले से झाड़ा पल्ला झाड़ रहे हैं.
BAIKUNTHPUR DISTRICT HOSPITAL
बैकुंठपुर जिला अस्पताल (STATE TV INDIA’)

(STATE TV INDIA’)कोरिया : बैकुंठपुर जिला अस्पताल में इन दिनों कॉकरोचों के आतंक है, जिससे मरीज परेशान हैं. जिला अस्पताल के मेल वार्डो में कॉकरोच मरीजों के बिस्तर, टेबल और मरीजों के शरीर मे चढ़ कर घूम रहे है. इतने सारे कॉकरोचों को देख मरीजों में भय का माहौल है. इस संबंध में अधिकारी का कहना है कि कॉकरोचों से कोई खतरा नहीं है. मरीजों के स्वास्थ्य पर कॉकरोच कोई प्रभाव नहीं डाल पाएंगे.जिला अस्पताल की लापरवाही आई सामने : बैकुंठपुर जिला अस्पताल अक्सर साफ सफाई और अन्य मसलों को लेकर हमेशा सुर्खियां बटोरता रहा है. मौजूदा मेल वार्ड में भर्ती मरीज और उनके परिजन इन दिनों कॉकरोच के भारी तादात से परेशान हैं. दूसरी ओर अस्पताल प्रबंधक हैं कि उनका इस ओर ध्यान ही नहीं है. भर्ती मरीज के परिजनों ने बताया कि 4 दिनों से उनके दादा एडमिड हैं. पूरे मेल वार्ड में कॉकरोंचों का कब्जा है. बेड, बिस्तर, टेबल, फर्श पर चलते हुए नजर आते हैं. इतना ही नहीं, खाने पीने के रखे समान पर भी ये आ जाते हैं. मजबूरी में खाने से अलग कर खाना पड़ता है. साफ सफाई की भी लचर व्यवस्था है. मरीजों नेबताया कि बाथरूम की साफ सफाई व्यवस्था ठीक नहीं है.
<span;>आचार संहिता का हवाला देकर झाड़ा पल्ला :इस संबंध में सीएमएचओ आर एस सेंगर ने कहा, “कॉकरोचों से मरीजों को कोई खतरा नहीं है. ऐसी अभी तक कोई जानकारी भी नहीं मिली है, जिसमे कॉकरोचों ने मरीजों को कोई नुकसान पहुंचाया हो. अस्पताल प्रबंधक को केमिकल ट्रीटमेंट कराने के लिए निर्देशित किया जाएगा.
“आचार संहिता खत्म होते ही नियम अनुसार केमिकल ट्रीटमेंट कराया जाएगा, जिससे समस्या खत्म हो जाएगी.” – आर एस सेंगर, मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारीफिलहाल, जिला अस्पताल में भर्ती मरीज और उनके परिजन हालातो से मजबूर हैं. वे इसकी शिकायत अस्पताल प्रबंधन से कर रहे हैं, लेकिन कोई इस ओर ध्यान नहीं दे रहा. अब देखना होगा कि स्वास्थ्य मंत्री श्यामबिहारी जायसवाल के विधानसभा क्षेत्र में सरकारी अस्पतालों की लापरवाही कब खत्म होती है ?

Join WhatsApp

Join Now

State Tv India

Subscribe Now

Instagram

Follow Now

Don`t copy text!